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अगर आपके गेंदे के पौधों में फूल नहीं आ रहे या कम खिल रहे हैं, तो परेशान होने की जरूरत नहीं है. अगर आप अपने गेंदे को हमेशा फूलों से लदा देखना चाहते हैं तो बस थोड़ी सी देखभाल और सही तकनीक अपनानी होगी. इससे आपका पौधा हमेशा रंग-बिरंगे फूलों से महकता रहेगा. लोकल 18 से बात करते हुए रायबरेली के गार्डेनर मालिक राम कहते हैं कि गेंदे का पौधा धूप प्रेमी होता है. इसे रोजाना कम से कम 5 से 6 घंटे की सीधी धूप मिलनी जरूरी है. गेंदे के लिए अच्छी जल निकासी वाली भुरभुरी मिट्टी का इस्तेमाल करें. ज्यादा पानी देने से जड़ें सड़ सकती हैं और कम पानी देने से पौधा सूख सकता है.
घर की बगिया हो या छत का गमला, गेंदे का पौधा अपनी चमकीली पीली और नारंगी रंगत से हर जगह रौनक बढ़ा देता है. खासतौर पर त्योहारों और पूजा-पाठ में इसकी मांग अधिक रहती है, लेकिन कई बार पौधा हरा-भरा तो दिखता है, मगर फूल कम आते हैं. ऐसे में कुछ आसान बागवानी उपाय अपनाकर आप गेंदे के पौधे में भरपूर फूल पा सकते हैं.
लोकल 18 से बात करते हुए रायबरेली के गार्डेनर मालिक राम कहते हैं कि सबसे पहले सही धूप का ध्यान रखें. गेंदे का पौधा धूप प्रेमी होता है. इसे रोजाना कम से कम 5 से 6 घंटे की सीधी धूप मिलनी चाहिए. यदि पौधा छायादार जगह पर रहेगा तो उसमें पत्तियां तो आएंगी, लेकिन फूल कम लगेंगे. इसलिए गमले को ऐसी जगह रखें जहां पर्याप्त धूप आती हो.
मिट्टी की गुणवत्ता भी बेहद अहम है. गेंदे के लिए अच्छी जल निकासी वाली भुरभुरी मिट्टी का उपयोग करें. आप बगीचे की मिट्टी में गोबर की सड़ी खाद या वर्मीकंपोस्ट मिलाकर इस्तेमाल करें. इससे पौधे को जरूरी पोषक तत्व मिलेंगे और फूलों की संख्या बढ़ेगी.
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सिंचाई संतुलित रखें. ज्यादा पानी देने से जड़ें सड़ सकती हैं और कम पानी देने से पौधा सूख सकता है. गर्मियों में रोज हल्की सिंचाई करें, जबकि सर्दियों में जरूरत के अनुसार पानी दें. ध्यान रखें कि गमले में पानी जमा न रहे.
फूलों की संख्या बढ़ाने के लिए ‘पिंचिंग’ तकनीक अपनाएं. जब पौधा 6 से 8 इंच का हो जाए, तो उसकी ऊपरी कोमल टहनी को हल्का सा तोड़ दें. इससे पौधा एक की बजाय कई शाखाओं में बढ़ेगा और अधिक फूल देगा. सूखे और मुरझाए फूलों को समय-समय पर हटाते रहें, इससे नए फूल जल्दी आते है.
गार्डेनर मालिक राम के मुताबिक, हर 15 से 20 दिन में जैविक खाद दें. सरसों की खली का घोल या गोमूत्र से बना घोल भी पौधे के लिए फायदेमंद होता है. इससे पौधा स्वस्थ रहता है और लंबे समय तक फूल देता है.


