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Health Tips: डॉ विपिन सिंह ने लोकल 18 से कहा कि मुनगा का सेवन शरीर में खून की कमी यानी एनीमिया को दूर करने में कारगर माना जाता है. विशेष रूप से महिलाओं और बच्चों में कुपोषण की समस्या को कम करने में यह फायदेमंद है.
सीधी. मध्य प्रदेश के विंध्य क्षेत्र में इन दिनों मुनगा की खूब चर्चा हो रही है. मुनगा जिसे सहजन, सुजना या वैज्ञानिक नाम मोरिंगा ओलिफेरा से जाना जाता है, अपने औषधीय गुणों के कारण लोगों के बीच तेजी से लोकप्रिय हो रहा है. यह पौधा न केवल स्वादिष्ट सब्जी के रूप में उपयोग किया जाता है बल्कि आयुर्वेद में भी इसे विशेष महत्व प्राप्त है. सीधी के आयुर्वेदिक चिकित्साधिकारी डॉ विपिन सिंह ने लोकल 18 को जानकारी देते हुए बताया कि मुनगा मुख्य रूप से पाचन संबंधी रोगों में लाभकारी है. इसकी पत्तियों, फूलों और फलियों की सब्जी बनाकर सेवन किया जा सकता है. मुनगा में आयरन, कैल्शियम, मैग्नीशियम, पोटैशियम और जिंक जैसे खनिज तत्व प्रचुर मात्रा में पाए जाते हैं. इसके अलावा इसमें विटामिन ए, बी 6, सी और ई भी मौजूद होते हैं, जो शरीर को आवश्यक पोषण और ऊर्जा प्रदान करते हैं.
डॉ सिंह के अनुसार, मुनगा का सेवन शरीर में खून की कमी यानी एनीमिया को दूर करने में कारगर माना जाता है. विशेष रूप से महिलाओं और बच्चों में कुपोषण की समस्या को कम करने में यह लाभदायक है. इसकी पत्तियों का साग न केवल स्वादिष्ट होता है बल्कि प्रोटीन से भरपूर भी होता है. नियमित सेवन से शरीर की दुर्बलता दूर होती है और रोग प्रतिरोधक क्षमता मजबूत होती है.
लकवा में उपयोगी मुनगा
नर्वस सिस्टम से जुड़े रोगों जैसे- लकवा (पैरालिसिस) के मरीजों के लिए भी मुनगा उपयोगी बताया गया है. इसके अलावा सांस संबंधी समस्याओं में भी इसका सेवन लाभ देता है. चर्म रोग से पीड़ित व्यक्ति मुनगा की पत्तियों का पेस्ट बनाकर प्रभावित स्थान पर लगा सकते हैं, जिससे त्वचा संबंधी समस्याओं में राहत मिलती है.
शिरोरोग और सिरदर्द में लाभकारी
डॉ विपिन सिंह ने बताया कि मुनगा के पेड़ की छाल को कूटकर उसका रस निकालकर नस्य के रूप में प्रयोग करने से शिरोरोग और सिरदर्द जैसी समस्याओं में लाभ बताया गया है. वहीं इसकी फलियों का नियमित सेवन हृदय रोग और मधुमेह के मरीजों के लिए भी फायदेमंद माना जाता है. इसमें पाए जाने वाले एंटीऑक्सीडेंट्स और एंटी-कैंसर तत्व शरीर को गंभीर बीमारियों से लड़ने में मदद करते हैं.
स्वाद और सेहत का संतुलन
डॉक्टर विपिन सिंह ने आगे बताया कि मुनगा एक ऐसा पौधा है, जो स्वाद और सेहत दोनों का संतुलन बनाए रखता है. विंध्य क्षेत्र में इसकी बढ़ती लोकप्रियता इस बात का प्रमाण है कि लोग अब पारंपरिक और प्राकृतिक उपायों की ओर लौट रहे हैं.
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राहुल सिंह पिछले 10 साल से खबरों की दुनिया में सक्रिय हैं. टीवी से लेकर डिजिटल मीडिया तक के सफर में कई संस्थानों के साथ काम किया है. पिछले चार साल से नेटवर्क 18 समूह में जुड़े हुए हैं.
Disclaimer: इस खबर में दी गई दवा/औषधि और स्वास्थ्य से जुड़ी सलाह, एक्सपर्ट्स से की गई बातचीत के आधार पर है. यह सामान्य जानकारी है, व्यक्तिगत सलाह नहीं. इसलिए डॉक्टर्स से परामर्श के बाद ही कोई चीज उपयोग करें. Local-18 किसी भी उपयोग से होने वाले नुकसान के लिए जिम्मेदार नहीं होगा.


