हर बार जब ठंड का मौसम खत्म हो रहा होता है. मौसम हल्का – फुल्का बदलता हुआ लगता है और ऐसा लगता है कि ठंड तो अब गई. तभी हल्की फुल्की ठंड फिर दस्तक देती है. दो चार पांच दिन का झटका देकर फिर अंतिम तौर पर चली जाती है. अबकी बार स्थिति यही है कि ठंड का मौसम जाता हुआ लग रहा है. रजाइयां हट चुकी हैं. हल्के स्वेटर से काम चलाया जाने लगा है… तो क्या हर साल की परंपरा के हिसाब से ठंड जाते जाते क्या फिर लौटेगी. अगर मौसम विभाग के पूर्वानुमानों पर गौर करें तो ऐसा लगता है कि अब ठंड लौटने की कोई मजबूत संभावना नहीं है. बल्कि अगले एक हफ्ते में मौसम गरम होता जाएगा.
एक हफ्ते में मौसम धीरे-धीरे गर्म होगा. होली तक गर्मी बढ़ जाएगी. विभिन्न मौसम साइटों के अनुसार तापमान सामान्य से ऊपर रहेगा. भारतीय मौसम विभाग के अनुसार 16 से 19 फरवरी तक अधिकतम तापमान 27-29°C और न्यूनतम 12-15°C रहेगा, जो सामान्य से ऊपर है. इसका मतलब ये है कि हल्का कोहरा या हल्की ठंड तो सुबह रहेगी लेकिन कोई ठंडी लहर नहीं.
होली तक क्या आ जाएगी गर्मी
होली 3-4 मार्च को है, तब दिल्ली-गाजियाबाद और उत्तर भारत में अधिकतम तापमान 31-33°C तक पहुंच जाने का अनुमान है. न्यूनतम 17-18°C रहने की उम्मीद. मार्च के शुरू में ही तापमान तेजी से बढ़कर 36°C तक पहुंच सकता है, बारिश कम होगी. मार्च महीने से मौसम विभाग सामान्य से अधिक गर्मी का अनुमान लगा रहा है.
ठंड कम होने लगी है अब लोग रजाई किनारे रखकर कंबल या हल्के लिहाफ का इस्तेमाल करने लगे हैं
क्या होली से पहले ही बदल जाएगा मौसम
मतलब साफ है कि होली के पहले से ही काफी गर्मी शुरू हो जाएगी. भारतीय मौसम विभाग के मौसमी पैटर्न और क्लाइमेट मॉडल्स मार्च 2026 में तापमान के सामान्य से ऊपर रहने की संभावना जाहिर कर रहे हैं और ये असर पूरे उत्तर भारत में महसूस किया जाएगा.1 से 10 मार्च के दौरान तापमान 30–32°C तक हो जाना चाहिए. होली के आसपास 31–33°C तक. न्यूनतम तापमान 15–18°C के आसपास. यानि रात हल्की ठंडक वाली होगी. यानी दिन में पूरी तरह गर्मी आ जाएगी. पंखा-कूलर चलने लगेंगे.
क्यों जल्दी गर्मी आएगी?
1. ला नीना – अभी कमजोर ला नीना जैसी स्थिति है, जो मार्च में गर्मी बढ़ाने में मदद करती है, सर्द हवाएं कमजोर रहती हैं. भारतीय मौसम विभाग ने जनवरी से मार्च के लिए नीचे सामान्य वर्षा का अनुमान दिया है, खासकर उत्तर-पश्चिम भारत में. कम बारिश का मतलब कम ठंडक और इसका मतलब जल्दी गर्मी.
अभी ला नीना कमजोर स्थिति में है, लिहाजा अब ठंड के पलटकर दोबारा आने की संभावना नहीं है बल्कि गर्मी धीरे धीरे बढ़ने लगेगी.
2. तापमान ट्रेंड – मार्च में अधिकतम और न्यूनतम दोनों तापमान सामान्य से ऊपर रहने की प्रबल संभावना. कुछ एक्सपर्ट्स कह रहे हैं कि मार्च के आखिर तक रिकॉर्ड गर्मी भी आ सकती है.
3. पश्चिमी विक्षोभ – फरवरी में कुछ वेस्टर्न डिस्टर्बेंसेज आए हैं, लेकिन मार्च में ये कमजोर रहेंगे, जिससे बारिश कम और गर्मी ज्यादा.
मार्च इस बार गर्मी वाला
अभी यानि फरवरी मध्य तक दिल्ली में दिन का तापमान 25 से 28°C चल रहा है, लेकिन मार्च शुरू होते ही ये तेजी से बढ़ेगा. 4 मार्च तक दिल्ली-एनसीआर पूर्ण गर्मी (31–33°C दिन का) और सनी क्लियर स्काई रहने की संभावना ज्यादा है.
अब बारिश की संभावना बहुत कम है. होली के आसपास या होली पर कोई बारिश नहीं होने वाली है. अगर कोई वेस्टर्न डिस्टर्बेंस आया भी तो हल्की बारिश या बादल हो सकते हैं. गर्मी पर ज्यादा असर नहीं पड़ेगा.
1-3 मार्च 2026 – तापमान 29 – 32°C तक रहेगा. गर्मी शुरू हो जाएगी. धूप में तेजी महसूस होने लगेगी.
4 मार्च (होली) – तापमान 31 – 33°C रहेगा. यानि गर्म मौसम और धूप तेज. बारिश की संभावनाएं कम
मार्च मध्य के बाद – 33–36°C. तेज गर्मी. लू भी शुरू हो सकती है.
तो भाई, इस साल होली से पहले ही गर्मी अच्छे से शुरू हो जाएगी. मौसम विभाग के हिसाब से मार्च 2026 गर्म और ज्यादातर शुष्क रहेगा. हो सकता है कि होली तक मौसम ऐसा लगे कि बाहर निकलने पर पसीना आ जाए.
पश्चिमी और मध्य भारत कैसा रहेगा
गुजरात, महाराष्ट्र, मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ में भी गर्मी महसूस होने लगेगी. दिन का अधिकतम तापमान 32 से 36°C या कुछ जगह 37 से 38°C तक पहुंच सकता है. रातें भी गर्म हो सकती हैं. बारिश की बहुत कम संभावना. होली पर पसीना आएगा.
दक्षिण भारत में क्या होगा
तमिलनाडु, केरल, कर्नाटक, आंध्र और तेलंगाना में तापमान सामान्य से ऊपर रहेगा. कोस्टल इलाकों में गर्म और उमस भरा. दक्षिण पेनिनसुलर में फरवरी के आखिर-मार्च में सामान्य या ज्यादा बारिश संभव.
पूर्वी और पूर्वोत्तर भारत में
बिहार पूर्वी भाग, ओडिशा, झारखंड, पश्चिम बंगाल, असम और पूर्वोत्तर राज्यों में तापमान दिन में 30 – 35°C रहेगा और रात में 18 – 22°C. पूर्वोत्तर में थोड़ा कम लेकिन फिर भी गर्म रहेगा. बारिश हो सकती है लेकिन सामान्य से कम. ओडिशा और बंगाल में भी कम बारिश संभव. मतलब ये है कि उत्तर भारत तो होली तक कम गर्म रहेगा लेकिन बाकी जगह गर्मी आ जाएगी.


