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हर जगह दिखाई देने वाला एक ऐसा पौधा, जिसके कई गुणों की बखान आयुर्वेद में किया गया है. जी हां एलोवेरा, जिसे घृतकुमारी के नाम से भी जाना जाता है. यह न केवल त्वचा, बल्कि बाल, इम्युनिटी पॉवर और पाचन से जुड़ी समस्याओं में बहुत उपयोगी है. इसके अलावा भी यह कई रोगों से छुटकारा दिला सकता है. आगे जानिए…
एलोवेरा का पौधा कई गुणों से भरपूर होता है. इसमें 90% से अधिक पानी पाए जाते है, जो त्वचा को गहराई तक नमी प्रदान करते हैं. यह सुखी त्वचा, रुखापन और खिंचाव जैसी परेशानियों में बहुत उपयोगी है. इसके सही उपयोग से त्वचा मुलायम और ताजा दिख सकती है. अब केमिकल क्रीम की जगह कई लोग इसे प्राकृतिक मॉइस्चराइजर के रूप में प्रयोग कर रहे हैं.
इसमें एंटी-बैक्टीरियल गुण पाए जाते हैं, जो मुहांसे, कील और दाग-धब्बों को कम करने में मदद करते हैं. चेहरे पर हल्के हाथ से जेल लगाने से सूजन से भी राहत मिल सकती है. यह तैलीय त्वचा वालों के लिए भी हल्का और उपयोगी है. उसे घरेलू उपचार के रूप में साफ-सुथरी और संतुलित त्वचा के लिए भी इस्तेमाल किया जाता आ रहा है.
एलोवेरा धूप से झुलसी त्वचा को भी ठंडक पहुंचाती हैं. यह मामूली जलन, कट या खरोंच में लाभकारी और गुणकारी है. इसके अलावा, इसमें ऐसे भी तत्व होते हैं, जो त्वचा की लोच बनाए रखने में सहायक हैं, इसी के कारण ही झुर्रियां और महीन रेखाएं कम नजर आ सकती हैं. इसे एंटी-एजिंग देखभाल में भी शामिल किया जा सकता है.
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राजकीय आयुर्वेदिक चिकित्सालय नगर बलिया की पांच साल अनुभवी चिकित्साधिकारी डॉ वंदना तिवारी के अनुसार, एलोवेरा सीधे स्कैल्प को पोषण देकर बालों कि जड़ों को मजबूत बनाने में सहायक हो सकता है. डैंड्रफ की समस्या में भी यह उपयोगी माना जाता है. एक सप्ताह में एक-दो बार इसे लगाने से बालों में चमक और कोमलता आ सकती है. यह एक प्राकृतिक कंडीशनर से कम नहीं हैं.
इसके जूस को सीमित मात्रा में सेवन करने से पाचन तंत्र मजबूत होता है. यह कब्ज और एसिडिटी जैसी समस्याओं में राहत दे सकता है. इसमें एंटीऑक्सीडेंट पाए जाते हैं, जो शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता यानी इम्युनिटी पॉवर मजबूत करने में बेहद लाभकारी हैं. इसके सूजनरोधी गुण जोड़ों के दर्द में लाभ देते हैं.
उन्होंने आगे कहा कि, एलोवेरा ब्लड शुगर को नियंत्रित करने में भी कुछ हद तक मदद कर सकता है. हालांकि, शुगर के मरीजों को बिना डॉक्टर की सलाह के इसका सेवन नहीं करना चाहिए. यह प्राकृतिक जरूर है, लेकिन सही मात्रा और सावधानी बहुत जरूरी है.
ध्यान दे कि, एलोवेरा का ताजा जेल ही त्वचा या बालों पर लगाएं. इसके जूस सुबह खाली पेट लगभग 20 मिली बराबर पानी में मिलाकर लिया जाता है. सही उपयोग से पहले पैच टेस्ट करना चाहिए. हां गर्भवती महिलाएं, स्तनपान कराने वाली माताएं या नियमित दवा लेने वाले लोग बगैर आयुर्वेद चिकित्सक से परामर्श लिए इसका सेवन न करें.


