बुजुर्गों के लिए वरदान है मालकांगनी! खोई हुई शक्ति लौटाने में मददगार, एक्सपर्ट से जानें आयुर्वेदिक फायदे

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Health Tips: प्रकृति में ऐसी कई चीजें होती हैं, जो कई बीमारियों में कारगर साबित होती हैं. ऐसी ही एक चीज है मालकांगनी. यह एक चमत्कारी आयुर्वेदिक औषधि है, जिसका इस्तेमाल करने से याददाश्त मजबूत होती है. आइए मालकांगनी के फायदों के बारे में जानते हैं.

बागपत: मालकांगनी एक चमत्कारी आयुर्वेदिक औषधि है, जिसका इस्तेमाल करने से याददाश्त मजबूत होती है. इससे गठिया बाय यानी अर्थराइटिस में तेजी से आराम मिलता है और पाचन शक्ति मजबूत होती है, शरीर को ताकत प्रदान होती है. इसका इस्तेमाल जरूरी मात्रा में और डॉक्टर के निर्देशन में ही करना चाहिए.

आयुर्वेदिक चिकित्सा डॉक्टर राघवेंद्र चौधरी ने जानकारी देते हुए बताया कि मालकांगनी एक चमत्कारी आयुर्वेदिक औषधि के रूप में काम करती है और बाजार में आसानी से उपलब्ध हो जाती है. इसका इस्तेमाल करने से मानसिक रोगों में काफी तेजी से आराम देखने को मिलता है और इससे याददाश्त मजबूत होती है, जिससे यह बच्चों के लिए भी किसी वरदान से कम नहीं है.

बुजुर्गों के लिए भी वरदान

मालकांगनी औषधि का इस्तेमाल करने से जोड़ों के दर्द में तेजी से आराम मिलता है और आर्थराइटिस जैसी गंभीर समस्या में भी तेजी से आराम मिलता है. यह बुजुर्गों के लिए भी वरदान से कम नहीं है. मालकांगनी पाचन शक्ति को मजबूत करती है. पेट की गंभीर से गंभीर बीमारियों में भी तेजी से आराम देने के साथ पाचन शक्ति मजबूत होती है और इससे शरीर की ताकत बढ़ती है.

स्किन की समस्या से आराम

मालकांगनी का इस्तेमाल करने से मौसम के साथ स्किन पर होने वाली समस्याओं में भी तेजी से आराम मिलता है. इसके इस्तेमाल से स्किन समस्याएं ठीक होती है और स्किन चमकदार बनती है. मालकांगनी का इस्तेमाल पुरुषों की यौन शक्ति बढ़ाने में भी किया जाता है. डॉक्टर ने बताया कि आमतौर पर इसका कोई खास नुकसान शरीर पर देखने को नहीं मिलता, लेकिन इस्तेमाल से पहले चिकित्सक की सलाह जरूर लें.

 आंतरिक और बाहरी, दोनों तरह से कर सकते हैं इस्तेमाल

आयुर्वेदिक चिकित्सक डॉक्टर राघवेंद्र चौधरी ने बताया कि मालकांगनी औषधि का इस्तेमाल आप शरीर पर आंतरिक और बाहरी रूप से दोनों से कर सकते हैं. इसका चूर्ण बनाकर आप एक या दो ग्राम, दूध और पानी के साथ इस्तेमाल कर सकते हैं. वहीं इसका इस्तेमाल आप तेल के रूप में बाहरी रूप से भी कर सकते हैं.

About the Author

आर्यन सेठ

आर्यन ने नई दिल्ली के जामिया मिलिया इस्लामिया से पत्रकारिता की पढ़ाई की और एबीपी में काम किया. उसके बाद नेटवर्क 18 के Local 18 से जुड़ गए.

Disclaimer: इस खबर में दी गई दवा/औषधि और स्वास्थ्य से जुड़ी सलाह, एक्सपर्ट्स से की गई बातचीत के आधार पर है. यह सामान्य जानकारी है, व्यक्तिगत सलाह नहीं. इसलिए डॉक्टर्स से परामर्श के बाद ही कोई चीज उपयोग करें. Local-18 किसी भी उपयोग से होने वाले नुकसान के लिए जिम्मेदार नहीं होगा.



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