पेरिस फैशन के रनवे पर दिखे भारतीय झुमके, मशहूर ब्रांड ने नहीं दिया क्रेडिट तो लगा चोरी का आरोप

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पेरिस फैशन वीक 2026 में राल्फ लॉरेन के फॉल कलेक्शन शो ने अचानक सोशल मीडिया पर बहस छेड़ दी. रनवे पर मॉडल्स के कानों में झुमका जैसे दिखने वाले सिल्वर ईयररिंग्स नजर आए, जिसने लोगों का ध्यान खींच लिया. इसके बाद यह चर्चा शुरू हो गई कि क्या पारंपरिक दक्षिण एशियाई डिजाइन को सही सांस्कृतिक क्रेडिट दिया गया या नहीं.

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पेरिस फैशन वीक 2026 में मशहूर अमेरिकी फैशन ब्रांड राल्फ लॉरेन सुर्खियों में है. रनवे पर मॉडल्स के कानों में झुमके दिखाई दिए, जो पारंपरिक दक्षिण एशियाई झुमकों से काफी मिलते-जुलते थे. शो की तस्वीरें और वीडियो जैसे ही सोशल मीडिया पर वायरल हुए, फैशन इंडस्ट्री में एक नई बहस शुरू हो गई कि क्या वैश्विक फैशन ब्रांड्स को ऐसे डिजाइनों के सांस्कृतिक स्रोत को खुलकर स्वीकार करना चाहिए यानी इस आइडिया के लिए भारत को क्रेडिट देना चाहिए.

पेरिस फैशन वीक दुनिया के सबसे बड़े फैशन इवेंट्स में से एक माना जाता है. यहां बड़े-बड़े डिजाइनर अपने नए कलेक्शन पेश करते हैं और आने वाले फैशन ट्रेंड्स दिखाते हैं. इसी मंच पर राल्फ लॉरेन ने अपना फॉल 2026 कलेक्शन पेश किया. शो में मॉडल्स ने स्टाइलिश कोट, जैकेट और मॉडर्न आउटफिट्स पहने हुए थे. लेकिन लोगों का ध्यान सबसे ज्यादा उनके कानों में पहने गए ईयररिंग्स पर गया. ये ईयररिंग्स भारतीय पारंपरिक झुमकों की तरह दिखाई दे रहे थे. जैसे ही शो की तस्वीरें और वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आए, लोगों ने इस पर चर्चा शुरू कर दी.

दरअसल झुमका भारतीय ज्वेलरी का एक बहुत पुराना और लोकप्रिय डिजाइन है. इसका आकार घंटी की तरह होता है और इसे सदियों से महिलाएं पहनती आ रही हैं. भारत में झुमके केवल एक फैशन आइटम नहीं हैं, बल्कि यह परंपरा और संस्कृति से भी जुड़े होते हैं. शादी-विवाह, त्योहार और खास मौकों पर महिलाएं झुमके पहनना पसंद करती हैं. भारतीय शास्त्रीय नृत्य और पारंपरिक पोशाकों में भी झुमकों का खास महत्व माना जाता है.

इस मामले को लेकर लोगों की राय अलग-अलग है. कुछ लोगों का कहना है कि फैशन इंडस्ट्री में अलग-अलग संस्कृतियों से प्रेरणा लेना सामान्य बात है और इससे नए ट्रेंड बनते हैं. लेकिन कई लोगों का मानना है कि अगर किसी देश या संस्कृति से प्रेरणा ली जा रही है, तो उसे खुलकर स्वीकार करना और उसे क्रेडिट देना भी जरूरी है. इससे उस संस्कृति और वहां के कारीगरों को पहचान मिलती है.

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Vividha Singh

विविधा सिंह न्यूज18 हिंदी (NEWS18) में पत्रकार हैं. इन्होंने दिल्ली यूनिवर्सिटी से पत्रकारिता में बैचलर और मास्टर्स की डिग्री हासिल की है. पत्रकारिता के क्षेत्र में ये 3 वर्षों से काम कर रही हैं. फिलहाल न्यूज18…और पढ़ें

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