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करेला की फसल बोने के लगभग 50 से 60 दिनों के भीतर ही फूल और फल देने लगती है. इसकी सबसे बड़ी खासियत यह है कि कम समय में तैयार होने के कारण किसान इसे बेचकर जल्दी मुनाफा कमा सकते हैं. इसके अलावा करेला औषधीय गुणों से भरपूर होता है, जिसके कारण बाजार में इसकी मांग हमेशा बनी रहती है.
अररिया: करेला की खेती कम लागत और कम समय में तैयार होने वाली लाभदायक खेती मानी जाती है. बिहार के अररिया जिले के तैरासी गांव के किसान मोहम्मद अकरम बताते हैं कि करेला की फसल जल्दी तैयार हो जाती है, जिससे किसान इसे बाजार में बेचकर अच्छा मुनाफा कमा सकते हैं. उनके अनुसार सरसों, चना और गेहूं जैसी फसलें तैयार होने में ज्यादा समय लेती हैं, जबकि करेला कम समय में तैयार होकर किसानों को जल्दी आमदनी देने लगती है. यही वजह है कि कई किसान अब पारंपरिक फसलों के साथ-साथ सब्जियों की खेती की ओर भी रुख कर रहे हैं.
जानें करेले की खेती के फायदे
किसानों की आय बढ़ाने के लिए मुख्य फसलों के साथ सब्जियों की खेती भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है. सरकार भी किसानों को सब्जी उत्पादन के लिए प्रोत्साहित करती है और कई योजनाओं के तहत अनुदान देती है. कई किसान सब्जी की खेती के लिए बैंक से लोन लेकर भी खेती करते हैं. करेला की खेती में किसान देशी तरीके अपनाते हैं. आमतौर पर रस्सी और बांस की मदद से खेत में मंडप (मचान) तैयार किया जाता है, जिस पर करेला की बेल चढ़ती है और फसल अच्छी तरह विकसित होती है.
करेले की खेती की विशेषताएं
करेला की फसल बोने के लगभग 50 से 60 दिनों के भीतर ही फूल और फल देने लगती है. इसकी सबसे बड़ी खासियत यह है कि कम समय में तैयार होने के कारण किसान इसे बेचकर जल्दी मुनाफा कमा सकते हैं. इसके अलावा करेला औषधीय गुणों से भरपूर होता है, जिसके कारण बाजार में इसकी मांग हमेशा बनी रहती है. खासकर शुगर के मरीजों के लिए इसे बेहद फायदेमंद माना जाता है. डॉक्टर भी कई बार करेला खाने या इसका जूस पीने की सलाह देते हैं.पोषण के लिहाज से भी करेला काफी समृद्ध सब्जी है.
करेले की खेती से करें बंपर कमाई
किसान मोहम्मद सज्जाद बताते हैं कि इस सीजन में उन्होंने आधे एकड़ जमीन में करेला की खेती की है और उन्हें उम्मीद है कि बाजार में अच्छा भाव मिलने पर इस फसल से अच्छी कमाई होगी. उनके अनुसार आधे एकड़ जमीन में करेला की खेती करने में करीब 20 से 30 हजार रुपये तक का खर्च आता है. इसमें बीज, रासायनिक खाद, उर्वरक और सिंचाई का खर्च शामिल होता है. अगर मौसम और बाजार का भाव ठीक रहे तो एक सीजन में इस फसल से करीब 1 से 2 लाख रुपये तक की कमाई संभव है.
मोहम्मद सज्जाद ने बताया कि वे कुल 5 एकड़ जमीन पर खेती करते हैं, जिसमें मक्का, गेहूं, धान और विभिन्न सब्जियों की खेती शामिल है. इसके साथ ही वे पशुपालन भी करते हैं. खेती और पशुपालन को मिलाकर वे एक सीजन में करीब 7 लाख रुपये तक की आय अर्जित कर लेते हैं.
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न्यूज़18इंडिया में कार्यरत हैं. आजतक से रिपोर्टर के तौर पर करियर की शुरुआत फिर सहारा समय, ज़ी मीडिया, न्यूज नेशन और टाइम्स इंटरनेट होते हुए नेटवर्क 18 से जुड़ी. टीवी और डिजिटल न्यूज़ दोनों विधाओं में काम करने क…और पढ़ें
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